प्रस्तावित

 

  नगरपालिका नागरिक अधिकार पत्र

(म्‍यूनिसिपल सिटीजन चार्टर)

वर्ष -2011

( नगर निगमों, नगरपलिका परिषदों एवं नगर पंचायतों हेत )

स्‍थानीय निकाय निदेशालय, उ०प्र०

8वॉ तल, इन्‍दिरा भवन,

लखनऊ

 

   

प्रस्तावित

नगरपालिका नागरिक अधिकार पत्र (म्‍यूनिसिपल सिटीजन चार्टर)-2011

 

 नगरपालिका नागरिक अधिकार पत्र (म्‍यूनिसिपल सिटीजन चार्टर)

 

  • भारत के संविधान में 74 वें संशोधन तथा उसकी बारहवीं अनुसूची में अंकित विभिन्न कृत्यों से स्थानीय नगर प्रशासन की संरचना, दायित्वों एवं अधिकारों में व्यापक अभिवृद्धि हुई है और तदनुसार उ0प्र0 नगर निगम अधिनियम 1959 तथा उ0प्र0 नगरपालिका अधिनियम 1916 भी संशोधित हो गए हैं। प्रदेश की नगरपालिकायें, जिनमें सभी नगर निगम, नगरपालिका परिषदें, और नगर पंचायतें शामिल हैं, नगर प्रशासन को संवेदनशील, पारदर्शी और जवाबदेह होने के साथ साथ गुणवत्तापरक प्रचुर नगरीय जनसुविधाएँ प्रदान करने हेतु कटिवद्ध हैं। प्रदेश के 13 नगर निगम, 194 नगरपालिका परिषद तथा 423 नगर पंचायत अपने अपने क्षेत्र के नागरिकों को बेहतर और प्रभावी नागरिक सुविधाएँ उपलब्ध कराने में तथा उनसे जुड़ी समस्याओं के निराकरण हेतु सत्त प्रयत्नशील है। नगरपालिकाओं के अधिकारों के साथ साथ कर्तव्यों के निर्वहन एवं उनके क्रियान्वयन पर विशेष बल होने के कारण वे नागरिकों को प्रमुख रूप से शुद्ध पेयजल, सार्वजनिक सफाई, जल निकासी व ठोस अपशिष्ट प्रबन्धन द्वारा स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण देने, निर्वाध आवागमन हेतु अतिक्रमण मुक्त सड़कें और उन पर उपयुक्त पथ प्रकाश की व्यवस्था करने तथा अन्य जन सुविधाओं उपलब्ध कराने में अधिक समर्थ हो सके हैं। जलापूर्ति एवं सीवरेज जल निकासी, सड़क अनुरक्षण, सफाई एवं कूड़ा निस्तारण ,जन स्वास्थ्य मार्ग प्रकाश, जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण तथा अन्य सेवाओं तथा विभिन्न करों , शुल्कों, प्रयोक्ता प्रभारों के आरोपण एवं उद्ग्रहण करने के सम्बन्ध में उनकी परिवादों और सुझावों का समयबद्ध रूप में त्वरित निस्तारण सुनिश्चित कराने हेतु यह नागरिक अधिकार पत्र (म्‍यूनिसिपल सिटीजन चार्टर) प्रस्तुत किया जा रहा है। इस नागरिक अधिकार पत्र (म्‍यूनिसिपल सिटीजन चार्टर) के माध्यम से नगरपालिकाओं में प्राप्त होने वाले परिवादों, समस्याओं और सुझावों को समयबद्ध रूप में निस्तारित करने के प्रति बचनबद्धता स्वंयमेव घोषित है। सभी नगरपालिकाऍ निर्वाचित बोर्ड द्वारा संचालित हैं अतएव नगरपालिकाओं के प्रत्येक कार्य में निर्वाचित जनप्रतिनिधियों की साझेदारी स्वतः ही सुनिश्चित है। इस प्रकार से एक ओर नागरिक अधिकार पत्र (सिटीजन चार्टर) के अनुरूप नगरपालिकाओं के अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा विभिन्न सुझावों और परिवादों का निस्तारण निर्धारित समयावधि में अनिवार्य रूप से सुनिश्चित किया जायेगा और वहीं दूसरी नागरिकों का भी दायित्व बनता है कि वे समाज में जन चेतना एवं सहभागिता का भाव जागृत कर नगरपालिकाओं को बेहतर रूप में काम करने में सहयोग करें।

 

  • नगरपालिका नागरिक अधिकार पत्र (म्‍यूनिसिपल सिटीजन चार्टर) के उदेश्य:

 

  • नागरिको को नगरपालिकाओं द्वारा उपलब्ध कराई जा रही जन सुविधाओं से संबंधित विभागों के बारे में जानकारी देना

  • नगरपालिका क्षेत्र के नागरिकों को परिवाद अथवा सुझाव पंजीकृत कराने विषयक प्रक्रिया की पूर्ण जानकारी देना

  • परिवाद निस्तारित न होने पर अग्रिम प्रक्रिया की पूर्ण जानकारी देना ।

  • परिवाद निस्तारित न होने अथवा विलम्ब से होने की दशा में अधिकारियों एवं कर्मचारियों को दण्डित करने की व्यवस्था की जानकारी देना।

  • 0प्र0 जनहित गारन्टी अधिनियम 2011 में आच्छादित सेवाओं और नियत समय सीमा की जानकारी देना।

 

  • नगरपालिका नागरिक अधिकार पत्र (म्‍यूनिसिपल सिटीजन चार्टर) के अधारभूत सिद्धान्त-

 

  • उत्तरदायित्वः- नागरिक अधिकार पत्र (सिटीजन चार्टर) के माध्यम से विभिन्न नगरीय सेवाओं हेतु स्पष्ट उत्तरदायित्व स्थापित किया जाता है। \

  • पारदर्शिता- नगरपालिकाओं द्वारा दी जा रही विभिन्न नगरीय सेवाओं के बारे में आवश्यक जानकारी तथा जन सहभागिता बढाने के उदेश्य से पूर्ण पारदर्शिता आधारित व्यवस्था स्थापन,

  • मानक- नगर निगमों, नगरपालिका परिषदों एंव नगर पंचायतों द्वारा नियत मानक के अनुसार नगरीय सेवायें उपलब्ध कराने के प्रयासों के उपरान्त भी यदि किसी नागरिक को तदनुसार नगरीय सेवायें प्राप्त नही हो रही हों तो नागरिक नागरिक अधिकार पत्र (सिटीजन चार्टर) में उल्लिखित विधि से कार्यवाही करना,

  • संकल्‍प� नगरपालिकाओं द्वारा दी जा रही विभिन्न सेवाओं की गुणवत्‍ता में निरन्‍तर सुधार एवं नागरिकों की दिन�प्रतिदिन बदलती आवश्यकताओं के प्रति अधिक उत्‍तरदायी होने के लिये शासन, स्‍थानीय निकाय निदेशालय, उ०प्र० एवं सभी नगरपालिकाओं का दृढ。संकल्‍पित होना,

  • आउट सोर्सिग- नागरिकों के परिवादो पर कृत कार्यवाही में पारदर्शिता रखे जाने के उद्देश्य से नगर निगम के नगर आयुक्त अथवा नगरपालिका परिषद एंव नगर पंचायतों के अध्यक्ष के द्वारा किसी उपयुक्त गैर सरकारी स्वयंसेवी संस्था को यह दायित्व सौपा जा सकता है कि वह परिवादो का पंजीकरण करें तथा प्राप्त परिवादों पर नगर निगम के विभिन्न जोन कार्यालयों अथवा नगरपालिका परिषद एवं नगर पंचायतों के कार्यालयों द्वारा कृत एवं  अपेक्षित कार्यवाही की प्रतिदिन की स्थिति की समीक्षा कर प्रतिवेदन यथा स्थिति नगर आयुक्त अथवा अधिशासी अधिकारी और अध्यक्ष को उपलब्ध करा लम्बित समस्याआओं को तत्परतापूर्वक नियत समय सीमा में निस्तार सुनिश्चित करना

  • दण्ड व्यवस्था- नागरिक अधिकार पत्र (सिटीजन चार्टर) में की गयी प्रतिबद्धता की पूर्ति की दिशा में गम्भीरता प्रदर्शित करते हुए नागरिकों के परिवाद निस्तारण करने में ढिलाई अथवा लापरवाही बरतने अथवा कार्यवाही न करने पर सम्बन्धित कार्मिकों को दंडित करने की भी व्यवस्था का स्थापना।

  • फीड बैक- नागरिक अधिकार -पत्र (म्यूनिसिपल सिटिजन चार्टर) का प्रयोग करके नागरिकों द्वारा नगरपालिका के परिवादों और सुझावों  की कृत कार्यवाही तथा कार्यवाही समय से पूर्ण कराने के सम्बन्ध में अपने विचारों से अगवत कराना

 

    सेवाएँ-

 

  •  सफाई कार्य एवं ठोस अपशिष्ट प्रबन्धन -

 

     उत्तरदयित्व

(1)        नगर निगम के प्रत्येक जोन के जोनल अधिकारी अथवा यथास्थिति जोनल सफाई अधिकारी अथवा मुख्य सफाई एंव खाद्य निरीक्षक या सफाई एवं खाद्य निरीक्षक अथवा नगर आयुक्त की शक्तियों के प्रतिनिधायन के अनुरूप अन्य अधिकारी उत्तरदायी है।

(2)        प्रत्येक वार्ड में यथा स्थिति मुख्य सफाई एवं खाद्य निरीक्षक /सफाई एवं खाद्य निरीक्षक अथवा सफाई नायक के कार्य सम्पन्नता हेतु उत्तरदायी हैं।

(3)        नगरपालिका परिषद में नगर स्वास्थ्य अधिकारी, मुख्य सुफाई एवं खाद्य निरीक्षक/सफाई एवं खाद्य निरीक्षक अथवा अधिशासी अधिकारी एवं नगर पंचायतों में यथा स्थिति अधिशासी अधिकारी तथा सफाई नायक उत्तरदायी है।

  •    प्रमुख कार्य -

                 1- सार्वजनिक सड़कों और नालियों की सफाई,               

        2- सार्वजनिक शौचालयों मूत्रालयों की सफाई एवं रख रखाव,

        3- कूड़ा का एकत्रीकरण एवं परिवहन, और निस्तारण

        4- मृत पशुओं के शवों का निस्तारण,

        5- नगर स्वच्छ रखने के अन्य उपाय।

        6- गन्‍दे जल� निस्तारण का कार्य ।

        7- जन्म-मृत्यु पंजीकरण

        8- शवों के निस्तारण हेतु निर्धारित स्थानों का विनियमन

        9- संक्रमण रोगों की रोकथाम के उपाय,

       10- स्वास्थ्य के लिये हानिकारण व्यवसायों पर नियंत्रण

       11- आवारा पशुओं को पकड़ना,

       12- पालतू कुत्तों की लाइसेंसिंग,

       13- उपविधियों के अधीन अथवा अन्य लाइसेन्स

  • जन्म -मृत्यु पंजीकरणः-

    1-        जन्म एवं मृत्यु तिथि के 21(इक्कीस) दिनो के अन्दर यथा स्थिति नगर निगम के संबंधित जोन कार्यालय, नगरपालिका परिषद, नगर पंचायत कार्यालय में निःशुल्क पंजीकरण कराना अनिवार्य है।

    2-   पंजीकरण  हेतु पंजीकरण कार्यालय नगर निगम का संबंधित वह जोन कार्यालय अथवा उस नगरपालिका परिषद, या नगर पंचायत का कार्यालय होगा जिसकी भौगोलिक सीमा के अन्तर्गत जन्म अथवा मृत्यु हुई हो ।

    3-    जन्म या मृत्यु की 21(इक्कीस) दिनों के उपरान्त परन्तु एक वर्ष तक विलम्ब से पंजीकरण निर्धारित विलम्ब शुल्क भुगतान करने पर कराया जा सकता है।

    4-    जन्म या  मृत्यु के एक वर्ष से अधिक विलम्ब से पंजीकरण शपथ पत्र प्रस्तुत करने पर किसी प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट /सम्बन्धित उपजिला मजिस्ट्रेट के आदेश से पंजीकरण कराया जा सकता है।

    5-    जन्म पंजीकरण के 12 माह के अन्दर नवजात शिशु का नाम पंजीकरण अभिलेखों में निःशुल्क के अंकित कराया जा सकता है।

    6-    गत पॉच वर्ष के अन्दर के पंजीकरण मामलो में आवेदन करने पर जन्म अथवा मृत्यु प्रमाण पत्र 30 दिन में दे दिया जायेगा।

    7        अभिलेखों में अंकित त्रृटिपूर्ण विवरण को दो सम्मानित नागरिको की घोषणा एवं पुष्टि स्वरूप दो सहायक अभिलेखों यथा पासपोर्ट, स्कूल का प्रमाण�पत्र आदि के प्रस्तुत करके त्रुटि का सुधार कराया जा सकता है।

    8-       प्रमाण पत्र जाँच के उपरान्त दिया जायेगा, जिसकी अवधि तीस दिनों से अधिक हो सकती है।

    9-      जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिकारी नगर निगमों में नगर आयुक्त या उसके द्वारा इस निमित्त प्राधिकृत अधिकारी तथा नगरपालिका परिषदों एवं नगर पंचायतों में सम्बन्धित अधिशासी अधिकारी है।

    अन्य-

    1�       आवारा पशुओं पकड़ने से संबंधित परिवाद नगर निगम में सम्बन्धित जोनल कार्यालय नगर पालिका परिषद , नगर पंचायत कार्यालय में प्राप्त की जायेगी।

    2�      पालतू कुत्तों का लाइसेन्स संबंधित जोन कार्यालय अथवा नगरपालिका परिशद, नगर पंचायत कार्यालय में आवेदन करने और निर्धारित शुल्क जमा करने के दूसरे दिन निर्गत किया जायगा। 

    3�      संक्रामक रोगों की रोक थाम और बचाव के सम्बन्ध में प्रभावी कार्यवाही नगर निगम में जोन स्तर पर तथा नगर पालिका परिषद , नगर पंचायत में कार्यालय स्तर पर की जायेगी।

    4�      हानिकारक व्यवसायों पर नियंत्रण से सम्बन्धित परिवाद नगर निगम के सम्बन्धित जोन में नगर पालिका परिषद, नगर पंचायत कार्यालय में प्राप्त किये जायेगें।

     

  •     यदि उपरोक्त सेवाओं के संबंध में कोई परिवाद या सुझाव हो तो नागरिक अधिकार पत्र (सिटीजन चार्टर) में दी गयी ��परिवाद प्रक्रिया�� के  अनुसार परिवाद पंजीकृत कराया जा सकता है।

     

  • कार्य जो सार्वजनिक अपदूषण (न्यूसेंस) का कारण बनते है और जुर्माना किए जाने योग्य है।

               1- किसी सार्वजनिक सम्पति अथवा नाला/नाली पर कूड़ा इकटठा करना, या अतिक्रमण करना

             2- बदबूदार द्रव को सार्वजनिक सड़कों, गलियों अथवा खुले स्थानों पर प्रवाहित करना ,

             3- अपदूषण कारक और हानिकारक वस्तुओं का अस्वच्छकर, अस्वास्थ्यकर भण्डारण।

             4- सड़को नालियों अथवा डस्ट बिन्स में मलवा गिराया जाना।

            5- चालीस माइक्रान से कम मोटाई की पालीथीन प्लास्टिक उपयोग करना, प्लास्टिक पालीथिन की थैलियों को नाली नालों या 

        सार्वजनिक मार्गो या स्थानों में फेंकना अथवा अन्य प्रकार से प्रयोग करना।

  • परिवाद निस्तारण की समय सीमा

         

 क्रम सं0

 कार्य (परिवाद का विषय)

 परिवाद निस्तारण  अवधि

 1-

सड़क, नाली या गली की सफाई

 24 घण्टों में

 2-

कूड़े की उठान

 एक दिन

3- मृत जानवरों की उठान

     उसी दिन

 

 

 

   

 

 

              

  •  जलापूर्ति एवं सीवरेज कार्य-

      प्रमुख कार्य-

                 1- घरेलू कार्यो हेतु स्वच्छ, पेयजल की आपूर्ति

                  2- गैर घरेलू कार्यों हेतु जलापूर्ति

                  3- वाणिज्यिक एवं औद्योगिक कार्यो हेतु जलापूर्ति

                  4- जलकल का संचालन, एवं रख रखाव

                  5- जलकल संबंधी राजस्व संग्रह,

                  6- नया जल संयोजन।

      7- अवैध जल संयोजन का विच्छेदन अथवा नियमितीकरण,

 

  •  उत्तरदायित्व-

       

      1-  नगर निगम के जलकल विभाग के महाप्रबन्धक और नगर आयुक्त की शक्तियॉ के प्रतिनिधायन के अधीन अन्य अभियन्ता/अधिशासी अधिकारी नगर निगम स्तर पर जलकल विभाग के कार्यो के उत्तरदायी होगें।

       2-  प्रत्येक जोन के जोनल अभियन्ता/अधिशासी अभियन्ता की जोन स्तर पर जलकल के कार्यो के सम्पादन के लिए जबावदेही होगी।

     3- वार्ड स्तर पर सहायक अभियन्ता, अवर अभियन्ता तथा पाइप लाइन निरीक्षण जलापूर्ति तथा सीवरेज सम्बन्धी कार्यो के लिए  जिम्मेदार होगे।

     4- नगर पालिका परिषदों / नगर पंचायतो में जलकल विभाग से सम्बन्धित कार्यो का सम्पूर्ण दायित्व जलकल अभियन्ता और अवर अभियन्ता का होगा।

  •  यदि कोई परिवाद हो तो नागरिक अधिकार पत्र (सिटीजन चार्टर) में दी गई परिवाद प्रक्रिया�  के अनुसार परिवाद पंजीकृत कराया जा सकता है।

  • कार्य जो सार्वजनिक अपदूषण (न्यूसेंस) का कारण बनते है और जुर्माना किये जाने योग्य है-

         1-   अग्निशामक यंत्रो का दुरूपयोग ,

         2-  जलसंयोजनो का अनधिकृत प्रयोग,

         3- जल का अनधिकृत प्रयोग अर्थात जल प्रयोगकर्ता द्वारा घरेलू/गैर घरेलू वाणिज्यिक एवं  औद्योगिक जल प्रयोग में परिवर्तन, करना,

         4-   बूस्टर पम्प का प्रयोग,

         5-   निजी परिसरों में अस्वच्छ शिरोपरि जलाशय का होना,

         6-   अवैध/बिना अनुमति जल संयोजन/सीवर संयोजन,

 

  •   परिवाद निस्तारण की समय सीमा-

              

 क्रम सं0

 कार्य (परिवाद का विषय)

परिवाद निस्तारण  अवधि

 1-

 पाइप लाइन में लीकेज

 2 से 7 दिन

 2-

 खराब पानी के मीटर का बदला जाना

 15 दिन के भीतर

 3-

 मेन पाइप लाइन लीकेज अथवा टूट फूट का ठीक किया जाना

 24 घण्टे के भीतर

4- फेल पम्पिंग सिस्टम को ठीक किया जाना

उसी कार्य दिवस में

5- प्रदूषित जलापूर्ति /गंदा अथवा मैला पानी की आपूर्ति में सुधार 24 घण्टे के भीतर
6- लो प्रेशर की जलापूर्ति में सुधार 24 घण्टे के भीतर
7- सार्वजनिक जल स्‍तम्‍भ ( स्टैण्ड पोस्ट ) की मरम्मत

एक दिन

8- सीवर जाम ठीक कराया जाना

उसी दिन

9- मेन होल कवर का बदला जाना

एक दिन

10- सीवर लाइन में लीकेज ठीक किया जाना

2 से 7 दिन

11- जलकर, जलमूल्य आदि से संबंधित बिल का संशोधन एक दिन
12- बिना अनुमति/अवैध जल संयोजन तथा सीवर संयोजन पर कार्यवाही एक दिन

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

  •  नये जल संयोजन अथवा सीवर संयोजन (उ0प्र0 जनहित गारन्टी अधिनियम 2011 के अधीन रहते हुए)

   

 क्रम सं0

 प्रक्रिया के चरण

 कार्यालय का स्थान

 समय

1- आवेदन पत्र प्रारूप प्राप्त किया जाना

नगर निगम जोनल कार्यालय(जलकल विभाग )

नगरपालिका परिषद /नगर

कार्यालय (जलकल विभाग)/नगर पंचायत कार्यालय

 

10.30 बजे से 3.00 बजे सांय
2- आवेदन पत्र जमा करने की और प्राप्ती रसीद निर्गत किया जाना। 

10.30 बजे से 3.00 बजे तक

 

3- आवेदन पत्र  में कमी की सूचना

नगर निगम जोनल कार्यालय (जलकल विभाग) 

 नगरपालिका परिषद /नगर कार्यालय (जलकल विभाग)/

नगर पंचायत कार्यालय

03 (तीन) कार्य दिवस

 

4-

स्थल निरीक्षण तथा जल संयोजन /सीवर संयोजन (तकनीकी रूप में सम्भव होने की दशा में ) आंगणन के अनुसार जमा की जाने वाली धनराशि की सूचना

नगर निगम जोनल कार्यालय (जलकल विभाग) 

 नगरपालिका परिषद /नगर कार्यालय (जलकल विभाग)/

नगर पंचायत कार्यालय

 

 

03 (तीन) कार्य दिवस में

 

5-

नये जल संयोजन का संयोजन (तकनीकी रूप से सम्भव होने की दशा में)    

नगर निगम जोनल कार्यालय (जलकल विभाग) 

 नगरपालिका परिषद /नगर कार्यालय (जलकल विभाग)/

नगर पंचायत कार्याल

संसूचित जल संयोजन शुल्क की धनराशि जमा करने की तिथि 03 (तीन) कार्य दिवसो में परन्तु जल संयोजन आवेदन पत्र जमा करने की तिथि से  30 (तीस) कार्य दिवस के अन्दर

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

    

  •  जलकल विभाग द्वारा दी जाने वाली अन्य सेवायें-

   

 क्रम सं0

 सेवा में

 सम्बन्धित अधिकारी

 समय

1- विवाह व अन्य विशेष अवसरो के लिये पानी की टैकर से जलापूर्ति (भुगतान करने पर)  

नगर निगम में सहायक अभियन्ता सम्बन्धित जोन कार्यालय (जलकल) का सम्बन्धित सहायक अभियन्ता (जलकल)

नगरपालिका परिषद/  जलकल अभियन्ता अथवा जलकल / अधिशासी अधिकारी

नगर पंचायत में अधिशासी अधिकारी

शुल्क सहित आवेदन -पत्र निर्धारित तिथि के तीन कार्य दिवस पूर्व प्राप्त होना अपेक्षित होगा।

 
2-

धार्मिक अथवा अन्य विशिष्ट अवसरो हतु अस्थायी जल संयोजन

नगर निगम में सहायक अभियन्ता सम्बन्धित जोन कार्यालय (जलकल) का सम्बन्धित सहायक अभियन्ता (जलकल)

नगरपालिका परिषद/  जलकल अभियन्ता अथवा जलकल / अधिशासी अधिकारी

नगर पंचायत में अधिशासी अधिकारी

 

तदैव

 

3-

पम्पिंग सिस्टम खराब होने की दशा में

नगर निगम में सहायक अभियन्ता सम्बन्धित जोन कार्यालय (जलकल) का सम्बन्धित सहायक अभियन्ता (जलकल)

नगरपालिका परिषद/  जलकल अभियन्ता अथवा जलकल / अधिशासी अधिकारी

नगर पंचायत में अधिशासी अधिकारी

तीन घण्टे के भीतर टैकंर द्वारा निःशुल्क जलापूर्ति

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

  •  सड़क अनुरक्षण कार्य-

     प्रमुख कार्य

      

          1-         सड़कों का निर्माण तथा उनकी मरम्मत

        2-        जल भराव अथवा अन्य कारणो से बने गड्ढों की मरम्मत तथा पैच रिपेयर,

        3-        विद्यमान सड़कों का सुधार एवं चौड़ीकरण,

        4-         निजी सड़को के निर्माण की स्वीकृति,

        5-        फुटपाथ का निर्माण, रख रखाव एवं मरम्मत ,

        6-         सार्वजनिक मार्गो पर होने वाले अवरोधों का हटाना।

 

  •  उत्तरदायित्व-

  1. नगर में सड़को, खड़ंजों, नाले, नालियों के निर्माण, मरम्मत और अनुरक्षण, नालों की डिशिल्टिंग तथा जलभराव की समस्या के निदान का दायित्व मुख्य अभियन्ता का होगा।

  2. जोन स्तर पर अधिशासी अभियन्ता, जो जोन के प्रभारी होगे द्वारा उक्त दायित्वो का निर्वहन किया जायेगा।

  3. वार्ड स्तर पर अवर अभियन्ता और सहायक अभियन्ता उत्तदायी होगें।

  4. गर पालिका परिषद और नगर पंचायत में अधिशासी अधिकारी, सहायक अभियन्ता और अवर अभियन्ता की जबावदेही होगी।

       

  •     जल निकासी एवं अनुरक्षण-

       

               1-        नाले नालियों का निर्माण और मरम्मत

            2-        नालों की सफाई (डिशिल्टिंग)

            3-        जल निकासी में आने वाले अवरोधो को हटाना

            4-        जल निकासी हेतु पम्प की स्थापना और संचालन

            5-       जल भवराव  से बचाव के लिए कार्ययोजना बनाना

  • नागरिको के सुरक्षित अवागमन में अवरोध उत्पन्न करना सार्वजनिक अपदूषण (न्यूसेन्स) का कारण बनते है और जुर्माना किए जाने के योग्य है-

       1- बिना अनुमति त्योहार अथवा अन्य किसी विशिष्ट अवसरो पर सार्वजनिक मार्गो पर विद्युत सजावट करने अथवा गेट, मण्डप लगाने या कनात लगाकर घेरने , या अन्य प्रकार से सार्वजनिक भूमि के अस्थाई उपयोग करने अथवा बॉस, बल्ली आदि लगाने हेतु छोटी मोटी खुदाई ।

      2- बिना अनुमति रोड कटिंग करना, नाली, नाला, सड़क या अन्य सार्वजनिक सम्पत्ति को क्षतिग्रस्त, करना अथवा उसमें कोई परिवर्तन विरूपण या फेर बदल करना।

       3- सड़क, सार्वजनिक भूमि या खुले भूखण्ड पर मलवा कूड़ा एकत्र करना।

   4- सार्वजनिक उद्यान (पार्क) में किसी कार्यक्रम समारोह आयोजन अस्थाई उपयोग पूर्णतः प्रतिबन्धित है और अनुमति नहीं दी जा सकती है।

  •  उपरोक्त सेवा के संबंध में असुविधा अथवा परिवाद होने की दषा में परिवाद प्रक्रिया के अनुसार  परिवाद पंजीकृत कराया जा सकता है।

 

  •   परिवाद निस्तारण की समय सीमा

         

 क्रम सं0

 कार्य (परिवाद का विषय)

परिवाद निस्तारण  अवधि

 1-

 गड्ढों की मरम्मत

 एक सप्ताह

2- पैच रिपेयर दो सप्ताह
3- सड़क से अवरोध हटाना

24 घण्टे

4- सार्वजनिक भूमि पर मलवा ढेर करने वाले से हटवाना

परिवाद मिलने के दो दिनों में नोटिस देने के 48 घण्टे के अन्दर

5- मलबा ढेर करने वाले की लागत पर निकाय द्वारा मलवा हटाया जाना

नोटिस देने के तीन दिनों में

 

6- रोड कटिंग अनुमति हेतु प्रार्थना पत्रों का निस्तारण एक सप्ताह

 

 

 

 

 

 

 

         

  • करों, शुल्कों का आरोपण कर निर्धारण और अभिलेखों में नामान्तरण

 

  • यह कार्य नगर निगम में संबंधित जोन कार्यालयों, तथा नगरपालिका परिषद, नगर पंचायत कार्यालय के कर एवं राजस्व विभाग द्वारा किया जाता है

  • करों व शुल्कों के बारे में जानकारी-प्रार्थना पत्र देने के एक सप्ताह के अन्दर दी जायेगी।

  • सम्पति कर अभिलेखों में अविवादित नामान्तरण, नामान्तरण शुल्क जमा करने की तिथि से 45 कार्य दिवस के अन्दर किया जायेगा।
     

  • करों व शुल्को में समय समय पर होन वाले परिवर्तनो से नागरिकों को समाचार पत्रो एवं अन्य संचार माध्यमों द्वारा प्रचार व प्रसार करके अवगत कराया जायेगा।

  • लाइसेन्स तथा अन्य उप विधियों या प्राधिकारो के अन्तर्गत अनुज्ञप्तियॉ (लाइसेन्स)

  • आवेदन पत्र प्राप्ति के सात दिनों में अनुज्ञप्ति लाइसेन्स निर्गत किया जायेगा।

  • लाइसेन्स देने में कोई आपत्ति होने पर अथवा प्रार्थना पत्र निरस्त या अस्वीकृत किए जाने की सूचना आवेदन के 07 (सात) दिनों में दी जायगी।

     

  • विज्ञापनों से सम्बन्धित अनुमति -

    1-    समाचार पत्रो से प्रकाशित विज्ञापनों से भिन्न विज्ञापनों की अनुमति निकाय द्वारा दी जायेगी।

    2-   उपविधियों विनियमों नियमावलीया एवं अधिनियम की व्यवस्था के अनुसार किसी पंजीकृत एजेन्सी के माध्यम से भी अनुमतियॉ प्रदान की जा सकेगी।

    3-    अस्थायी विज्ञापनों पटो, ग्लोसाइन , बैनर, संकेतक आदि की अनुमति।

     

  • उपरोक्त से सम्बन्धित परिवाद नागरिक अधिकार पत्र में दिये गये प्रारूप पर परिवाद पंजीकरण कराया जा सकता है।

     

  • परिवाद निस्तारण के समय सीमा

     क्रम सं0

     कार्य (परिवाद का विषय)

    परिवाद निस्तारण  अवधि

     1-

     विज्ञापनों की अनुमति

    निर्धारित शुल्क जमा होने के तीन दिन के अन्दर

    2-

     उपविधियों /अधिनियम की व्यवस्था के अनुसार किसी वाहय एजेन्सी के माध्यम से अनुमतियॉ प्रदान करेगी।

    निर्धारित शुल्क जमा होने की तिथियों में तीन दिन के अन्दर

     

    3- अस्थायी विज्ञापनों पटो, ग्लोसाइन , बैनर, संकेतक आदि की अनुमति

    निर्धारित शुल्क जमा होने की तिथि में

     

     

     

        

    

 

 

 

  •  भवन मानचित्रों ले आउट परिवाद निस्तारण समय सीमा

   

  

 क्रम सं0

 कार्य (परिवाद का विषय)

परिवाद निस्तारण  अवधि

 1-

 ऐसे नगर जहॉ विकास प्राधिकरण/आवास विकास परिशद स्थापित हो भवन मानचित्रों एवं ले आउट की स्वीकृतियॉ स्म्बन्धित विकास प्राधिकरण /आवास विकास परिषद के उपविधि /नियमों के अनुसार विकास प्राधिकरण/आवास विकास परिषद द्वारा प्रदान किये जायेगें। परन्तु अनापत्ति प्रमाण पत्र नगरपालिका द्वारा निर्गत किया जाना।

 विकास प्राधिकरण/आवास विकास परिषद के नागरिक अधिकार पत्र द्वारा निर्धारित समय सीमा के अन्दर सम्बन्धित विकास प्राधिकरण/आवास विकास परिषद द्वारा नियत समय से

2-

ऐसे नगर जो आर0बी0ओ0 एक्ट से अच्छादित हो भवन मानचित्र /ले आउट की स्वीकृतियॉ आर0बी0ओ0 एक्ट के प्राविधानों के अनुसार विहित प्राधिकारियों द्वारा प्रदान की जायेगी।

आर0बी0ओ0 एक्ट के अधीन विहित प्राधिकारी द्वारा निर्धारित समय सीमा के अन्तर्गत सम्बन्धित विहित प्राधिकारी द्वारा

 

3-

ऐसे नगर जहॉ पर आवास विकास परिषद/विकास प्राधिकरण स्थापित नही है अथवा आर0बी00 एक्ट से अच्छादित नही है सम्बन्धित नगरपालिका परिषद /नगर पंचायत की उपविधि के अनुसार स्वीकृति की जाती है।

निर्धारित शुल्क जमा होने के दो सप्ताह के अन्दर 

 

 

  • मान चित्र से सम्बन्धित परिवाद नागरिक अधिकार पत्र में दिये गये प्रारूप पर परिवाद पंजीकरण कराया जा सकता है।

  • अतिक्रमण हटाया जाना

1�  सार्वजनिक मार्गो , सड़को, गलियों, नाले नालियों पर से अतिक्रमण हटाया जाना।

2� निकाय की सम्पत्तियों एवं भूमि आदि पर से अतिक्रमण हटाया जाना।

 

  • अतिक्रमण से सम्बन्धित परिवाद नागरिक अधिकार -पत्र में दिये गये प्रारूप पर परिवाद पंजीकरण कराया जा सकता है।

                         

  •  परिवाद निस्तारण के समय सीमा

            

 क्रम सं0

 कार्य (परिवाद का विषय)

परिवाद निस्तारण  अवधि

 1-

सार्वजनिक मार्गो , सड़को, गलियों ,नाले नालियों पर से अतिक्रमण हटाये जाना।

तीन दिन में

2- नगरपालिका के सम्पत्तियों एवं भूमि आदि पर से अतिक्रमण हटाये जाना।

दो सप्ताह

 

 

 

  • मार्ग प्रकाश विभाग के कार्य

        प्रमुख कार्य-

        1-         सार्वजनिक मार्गो, सड़को, गलियों में पथ प्रकाश का रख रखाव किया जाना।

        2-        सार्वजनिक उद्यानों में मार्ग प्रकाश की व्यवस्था ।

        3-         नगर के नये क्षेत्रों में मार्ग प्रकाश की व्यवस्था कराना ।

  •   उत्तदरदायित्व-

 

    1-   सम्पूर्ण नगर क्षेत्र में मार्ग प्रकाश के कार्यो का दायित्व यथा स्थिति अधिशासी अभियन्ता (विद्युत/मार्ग प्रकाश प्रभारी तथा अधिशासी अधिकारी की होगी।

    2-   नगर निगम में वार्ड स्तर पर मार्ग प्रकाश व्यवस्था के लिए सहायक अभियन्ता, अवर अभियन्ता तथा प्रकाश निरीक्षक तथा नगरपालिका परिषद परिषद/नगर पंचायत में प्रभारी मार्ग प्रकाश /अधिशासी अधिकारी उत्तरदायी होगें।

  • मार्ग प्रकाश से सम्बन्धित परिवाद नागरिक अधिकार पत्र में दिये गये प्रारूप पर परिवाद पंजीकरण कराया जा सकता है।   

 

  • परिवाद निस्तारण के समय सीमा

 

 क्रम सं0

 कार्य (परिवाद का विषय)

परिवाद निस्तारण  अवधि

 1-

 सड़को,गलियों में पथ प्रकाश फ्यूज बल्बो/ट्यूब लाईट का बदला जाना।

 दो दिन

2-

मुख्य चौराहों से सोडियम भेपर लाइम्प /हैलोजन लाईट का की मरम्मत एवं बल्ब आदि का बदला जाना।   

तीन दिन
3- हाई मास्क लाईट की मरम्मत और बल्ब आदि का बदला जाना। तीन दिन
4- पथ प्रकाश सम्बन्धी अन्य मरम्मत कार्य

दो दिन

5- नये क्षेत्रों में पथ प्रकाश की व्यवस्था कराये जाना ।

उ0प्र0 पावर कारपोरेशन लिमिटेड के माध्यम से।

 

 

 

 

 

 

  •    उद्यान विभाग के कार्य

          प्रमुख कार्य-

        1-        अविकसित उद्यानों का विकसित किया जाना।

      2-        विकसित उद्यान का रख रखाव ।

      3-        पर्यावरण संरक्षण

  •    उत्तरदायित्व-

     1- नगर में स्थित पार्को के विकास, अनुरक्षण, वृक्षारोपण और पर्यावरण संरक्षण का दायित्व सम्बन्धित अनुभाग के प्रभारी अधिकारी/अधिशासी अधिकारी होगा।

       2- वार्ड और जोन स्तर इन कार्यो हेतु सम्बन्धित जोनल अधिकारी/उप नगर आयुक्त, उद्यान अधीक्षक और उद्यान सुपरवाइजर /प्रधानमाली  उत्तरदायी होगे।

  • परिवाद निस्तारण के समय सीमा

 क्रम सं0

 कार्य (परिवाद का विषय)

परिवाद निस्तारण  अवधि

 1-

 विकसित उद्यान का रख रखाव सम्बन्धी परिवाद

 एक सप्ताह

 2- पर्यावरण संरक्षण हेतु उपयुक्त सार्वजनिक भूमि पर वृक्षारोपण

तीन दिन

 3-

अविकसित उद्यानों को विकसित करने हेतु निकाय स्वंय कार्यवाही करेगी अथवा किसी इच्छुक प्रतिश्ठित गैर सरकारी स्वंय सेवी संस्था, व्यापारिक प्रतिश्ठानों /कम्पनियों को एडपषन के माध्यम से विकास /अनुरक्षण कराया जा सकता है/इस हेतु प्राप्त परिवाद का निस्तारण।

संसाधन की उपलब्धता के आधार पर

 

  •  पार्किंग स्थलों का विनियमन

        प्रमुख कार्य-

       1-         नगरपालिका द्वारा अपने कर्मचारियों के माध्यम से पार्किगं स्थलों का विनियमन किया जाना।

      2-         पार्किग स्थलों का निविदा आधारित ठेका दे कर पार्किंग का विनियमन और नियंत्रण करना।

  •     उपरोक्त से सम्बन्धित परिवाद नागरिक अधिकार पत्र में दिये गये प्रारूप पर परिवाद पंजीकरण कराया जा सकता है।

 क्रम सं0

 कार्य (परिवाद का विषय)

परिवाद निस्तारण  अवधि

 1�

 पार्किंग हेतु निर्धारित शुल्क से अधिक धनराशि की वसूली की शिकायत।

एक दिन

2�

पार्किंग शुल्क का बोर्ड न लगाया जाना, अथवा दरों का पठनीय न होना अथवा क्षतिग्रत करना

उसी दिन

 

3�

उचित टोकन न देना, टोकन में शुल्क का अंकन न होना अथवा टोकन सम्बंधी अन्य परिवाद

एक दिन

4�

पार्किंग के सम्बन्ध में अन्य परिवाद अधिकतम तीन दिन

    

  •  अभिलेखों की प्रतिलिपियॉ

  • किसी अभिलेख की प्रतिलिपि प्राप्त करने हेतु आवेदन करने पर साधारण प्रतिलिपि अथवा अरजेन्ट प्रतिलिपि हेतु नियत शुल्क जमा करने के यथा स्थिति क्रमश: तीन दिनों में अथवा एक दिन में प्रतिलिपि अभिलेखागार से प्रदान की जायेगी

   सूचना अधिकार अधिनियम 2005 के अन्तर्गत सूचना

  • सम्बन्धित जन सूचना अधिकारी द्वारा सूचना उपलब्ध कराई जायगी।

  • सूचना हेतु नियत समय सीमाशुल्क सहित आवेदन पत्र प्राप्ति के तीस दिनों के अन्दर अथवा अधिनियम 2005 द्वारा निर्धारित समय सीमा में।

  • नियत सीमा में सूचना न मिलने पर अपीलीय प्राधिकारी को अपील की जा सकती है।

      परिवाद पंजीकरण प्रक्रिया-

     

    प्रथम चरण-   किसी परिवाद के निस्तारण हेतु निचे दी गयी तालिका में उल्लिखित परिवाद पंजीकरण प्रक्रिया के अनुसार परिवाद का पंजीकरण कराया जा सकता है।

 

    द्वितीय चरण-  परिवाद पंजीकरण उपरान्त परिवाद निस्तारण हेतु नियत समय सीमा में परिवाद निस्तारित न होने पर नियत              प्रारूप पर आवेदन कर द्वितीय चरण परिवाद पंजीकृत कराया जा सकता है।

 

    तृतीय चरण-   परिवाद पंजीकरण के द्वितीय चरण उपरान्त भी परिवाद निस्तारित न होने तथा तृतीय चरण में परिवाद पंजीकरण होने के उपरान्त यथा समय निस्तारित न होने पर तृतीय चरण में परिवाद निस्तारण हेतु नामित अधिकारियों को उत्तरदायी माना जायेगा।

 

   चतुर्थ चरण- निकाय स्तर पर तृतीय चरण के कार्यवाही उपरान्त परिवाद निस्तारित न होने पर सम्बन्धित परिवाद निदेशक स्थानीय निकाय उ0प्र0 नगर विकास विभाग उ0प्र0 शासन को संदर्भित किया जायेगा।

 

    परिवाद के तीन चरण

     नगर निगम -            

 

  सेवाए

 प्रथम चरण    

 द्वितीय चरण

तृतीय चरण

परिवाद पंजीकरण    

 परिवाद(प्रथम चरण) निस्तारित न होने पर

परिवाद (द्वितीय चरण) निस्तारित न होने पर

सफाई कार्य एवं

ठोस अपशिष्ट प्रबन्धन

 

पदनाम 

 स्थान 

पदनाम 

 स्थान 

पदनाम

 परिवाद प्रभारी          

 जोन कर्यालय

 जोनल अधिकारी   

 जोन कार्यालय

नगर स्वास्थ्य अधिकारीअपर नगर आयुक्त

 जलापूर्ति एवं सीवरेज

 परिवाद प्रभारी          

 जोन कर्यालय

 जोनल अधिकारी   

 जोन कार्यालय

मु0 अभियन्ता जल/महाप्रबन्धक (जलकल)

 

सड़क अनुरक्षण जल निकासी

 

 परिवाद प्रभारी          

 जोन कर्यालय

 जोनल अधिकारी   

 जोन कार्यालय

मुख्य अभियन्ता

 

 

 कर निर्धारण, शुल्क और प्रयोग प्रभारो का आरोपण और उद्ग्रहण नामान्तरण, लाइसेन्स विज्ञापनों की स्वीकृति आदि।

 परिवाद प्रभारी          

 जोन कर्यालय

 जोनल अधिकारी   

 जोन कार्यालय

अपर नगर आयुक्त
मार्ग प्रकाश    परिवाद प्रभारी जोन कर्यालय

 जोनल अधिकारीअधिशासी अभियन्ता (मार्ग प्रकाश प्रभारी) प्रभारी मार्ग प्रकाश

जोन कार्यालयमार्ग प्रकाश  का कार्यालय अपर नगर आयुक्त
अन्य  परिवाद प्रभारी जोन कर्यालय जोनल अधिकारी   जोन कर्यालय अपर नगर आयुक्त

 

  •    परिवाद के तीन चरण

                       नगरपालिका परिषद /नगर पंचायत

 सेवाए

 

 प्रथम चरण    

 द्वितीय चरण

तृतीय चरण

 परिवाद पंजीकरण  

 परिवाद(प्रथम चरण) निस्तारित न होने पर

परिवाद (द्वितीय चरण) निस्तारित न होने पर
सफाई कार्य एवं ठोस अपशिष्ट प्रबन्धन

 पदनाम 

 स्थान 

पदनाम 

 स्थान 

पदनाम

 परिवाद प्रभारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अधिशासी अधिकारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अध्यक्ष नगर पालिका परिषद /नगर पंचायत

 जलापूर्ति एवं सीवरेज

 परिवाद प्रभारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अधिशासी अधिकारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अध्यक्ष नगर पालिका परिषद /नगर पंचायत

 सड़क अनुरक्षण जल निकासी

 परिवाद प्रभारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अधिशासी अधिकारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अध्यक्ष नगर पालिका परिषद /नगर पंचायत

 कर निर्धारण, शुल्क और प्रयोग प्रभारो का आरोपण और उद्ग्रहण नामान्तरण, लाइसेन्स विज्ञापनों की स्वीकृति आदि।

 परिवाद प्रभारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अधिशासी अधिकारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अध्यक्ष नगर पालिका परिषद /नगर पंचायत

मार्ग प्रकाश  

 परिवाद प्रभारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अधिशासी अधिकारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अध्यक्ष नगर पालिका परिषद /नगर पंचायत

अन्य  परिवाद प्रभारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अधिशासी अधिकारी

 नगरपालिका परिषद/ नगर पंचायत कर्यालय

 अध्यक्ष नगर पालिका परिषद /नगर पंचायत

 

                    

प्रथम चरण में परिवाद पंजीकरण करने हेतु आवेदन पत्र का प्रारूप

       1-        परिवादी का नाम..............................................................................................................................

       2-       पता.........................................................................ई-मेल .......................................................

   3-    दूरभा ⁄ मोबाइल नम्बर....................................................

      4-        परिवाद से संबंधित जोन नम्बर /जोन का नाम.............................................................

      5.-      परिवाद से संबंधित वार्ड  नम्बर.....................................................

      6-       परिवाद से संबंधित मोहल्ले का नाम एवं अवस्थित............................................................      

     7-        परिवाद का विवरण ...................................................................................

 

    दिनांक ...............................                                                                   परिवादी का नाम व हस्ताक्षर

 

 

(कार्यालय के प्रयोगार्थ)

प्रथम चरण परिवाद पंजीकरण आवेदन पत्र प्राप्ति रसीद

      श्री/श्रीमती/कुमारी................................................................................

     पता................................................................... परिवाद का वार्ड नम्बर................................................मोहल्ले का  

     नाम........................................................से  ...................................................................... के संबंध में परिवाद पत्र प्राप्त कर पंजीकृत  

     किया गया है जिसकी पंजीकरण संख्या ........................................................है।

     दिनांक .................................................

                                                                                        परिवाद प्रभारी अथवा परिवाद प्राप्त कर्ता का नाम व हस्ताक्षर

                                                                                                   जोन नम्बर..................................जोन का नाम.....................................

 

 

 

द्वितीय चरण में परिवाद पंजीकरण करने हेतु आवेदन पत्र का प्रारूप

              1-    परिवादी का नाम.........................................................

              2-    पता.......................................................................................................ई-मेल पता............................................

              3-    दूरभाष ⁄ मोबाइल नम्बर..............................................

              4-    परिवाद से संबंधित जोन नम्बर.................................................

              5-   परिवाद से संबंधित वार्ड नम्बर और नाम................................................

              6-   परिवाद से संबंधित मोहल्ले का नाम...........................................अवस्थित...........................................

              5-   परिवाद का विवरण...............................................

              7-   प्रथम चरण में की गई परिवाद का पंजीकरण संख्या और दिनॉक.............................................................

      

 

(कार्यालय के प्रयोगार्थ)

द्वितीय चरण परिवाद पंजीकरण आवेदन पत्र प्राप्ति रसीद

       श्री/श्रीमती/कुमारी .................................................................................

       पता.................................................................परिवाद का वार्ड नम्बर............................मोहल्ले का नाम..........................................

       ..............से  ...................................................................... के संबंध में परिवाद पत्र प्राप्त कर पंजीकृत किया गया है  

       जिसकी पंजीकरण संख्या ........................................................है।

       दिनांक .................................................

 

                                                                                          परिवाद प्रभारी अथवा परिवाद प्राप्त कर्ता का नाम व हस्ताक्षर

                                                                                                जोन नम्बर..................................जोन का नाम.....................................

 

 

तृतीय चरण में परिवाद पंजीकरण करने हेतु आवेदन पत्र का प्रारूप

          1-        परिवादी का नाम.........................................................

          2-         पता..................................................................................................

          3-         दूरभाश संख्या..........................................................................

          4-         परिवाद से संबंधित जोन नम्बर........................

          5-         परिवाद से संबंधित वार्ड नम्बर..........................................................

          6-         परिवाद से संबंधित मोहल्ले का नाम एवं अवस्थित............................................................      

          7-        परिवाद का विवरण..........................................................................................

          8-         प्रथम चरण में की गई परिवाद का पंजीकरण संख्या.और दिनॉक....................................................

          9-         द्वितीय चरण में की गई परिवाद का पंजीकरण संख्या.और दिनॉक..................................................

       

      दिनांक .....................................                                                  परिवादी का नाम व हस्ताक्षर

     

 

 (कार्यालय के प्रयोगार्थ)

तृतीय चरण परिवाद पंजीकरण आवेदन पत्र प्राप्ति रसीद

  श्री/श्रीमती/कुमारी .................................................................................

  पता................................................................... परिवाद का वार्ड नम्बर................................................मोहल्ले का         

  नाम........................................................से  ............................................................के संबंध में परिवाद पत्र प्राप्त कर पंजीकृत किया गया है   

  जिसका पंजीकरण संख्या ........................................................है।

  दिनांक ...............................................                 

                                                    परिवाद प्रभारी अथवा परिवाद प्राप्त कर्ता का नाम व हस्ताक्षर

                                                                                                     जोन नम्बर...........................जोन का नाम.................................

     

 

    

परिवाद के त्वरित निस्तारण हेतु सावधानियॉ

  • नागरिक सुविधाओं के संबंध में परिवाद पंजीकृत कराने हेतु प्रथम चरण से कार्यवाही प्रारम्भ की जाय।

  • परिवाद पंजीकरण हेतु निर्धारित प्रारूप का प्रयोग किया जाय।

  • परिवाद पंजीकरण आवेदन पत्र की प्राप्ति रसीद अवश्य प्राप्त की जाय।

  • पंजीकृत परिवाद पर कार्यवाही न होने पर निम्नानुसार कार्यवाही की जाय।

  • प्रथम द्वितीय /तृतीय चरण की परिवाद पंजीकरण संख्या एवं दिनांक अवश्य अंकित किया जाय।   

  • गत परिवाद जिसने ग्रहण किया हो उसका नाम व पदनाम अंकित किया जाय।

  • परिवाद पंजीकरण प्रत्येक कार्य दिवस में प्रातः 10.30 बजे से अपरान्ह 4.00 बजे तक किया जायेगा।

  • लगातार तीन परिवाद पर कार्यवाही ने करने पर-स्पष्टीकरण प्राप्त किया जायेगा। स्पष्टीकरण संतोशजनक न पाये जाने पर-चेतावनी दी जायेगी,

  • लगातार तीन परिवाद पर कार्यवाही न करने पर-सीधे चेतावनी दी जायेगी।  

  • लगातार पॉच परिवादो पर कार्यवाही  न करने पर -प्रतिकूल प्रविष्टि दी जायेगी।

  • लगातार पॉच से अधिक परिवादो पर कार्यवाही न करने पर विभागीय कार्यवाही प्रारम्भ की जायेगी।

  • अकेन्दीयित सेवाओ के संबंध में विभागीय कार्यवाही नगरपालिका स्तर पर ही नियुक्ति प्राधिकारी द्वारा संचालित की जायेगी,

  • 0प्र0 पालिका केन्द्रीयित सेवाओं के कर्मचरियों ⁄ अधिकारियों के संबध में आरोप पत्र का प्रारूप संगत अभिलेखीय साक्ष्यो सहित नगर निगम में नगर आयुक्त, नगर पालिका परिषद, नगर पंचायत में अधिशासी अधिकारी/अध्यक्ष द्वारा एक सप्ताह में यथा स्थिति निदेशक स्थानीय निकाय , 0प्र0 अथवा प्रमुख सचिव, 0प्र0 शासन नगर विकास विभाग लखनऊ को उपलब्ध कराई जायेगी।

   

        

     उ0प्र0 जनहित गारन्टी अधिनियम 2011 के प्राविधान प्रभावी है जो निम्न प्रकार है।

 

क्रम

 सेवायें

 पदाभिहित अधिकारी

 सेवाओं लिये नियत समय सीमा

 प्रथम अपीलीय अधिकारी

 प्रथम अपील के निस्तारण की नियम

द्वितीय अपीलीय अधिकारी

 1

2

3

4

5

6

7

1- नगर निगम क्षेत्र में अविवादित सम्पति का नामान्तरण नगर निगम क्षेत्र का जोनल अधिकारी 45 कार्य दिवस (नामान्तरण शुल्क नमा करने की तिथि से) नगर आयुक्त 45 कार्य दिवस

मण्डलायुक्त

 

2 - नगर निगम क्षेत्र में (जहॉ तकनीकी रूप से सम्भव हो ) नवीन जल आपूर्ति संयोजन । नगर निगम क्षेत्र का क्षेत्रीय जलकल अभियन्ता 30 कार्य दिवस      महाप्रबन्धक जलकल 30 कार्य दिवस

नगर आयुक्त

 

3- नगरपालिका परिषद / नगर पंचायत क्षेत्र में जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र नगरपालिका परिषद/नगर पंचायत अधिशासी अधिकारी 45 कार्य दिवस उप जिला अधिकारी 30 कार्य दिवस

जिलाधिकारी

 

4- नगर निगम क्षेत्र में जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र नगर निगम क्षेत्र का जोनल अधिकारी /जोनल स्वास्थ्य अधिकारी 45 कार्य दिवस अपर नगर आयुक्त 30 कार्य दिवस

नगर आयुक्त